सूरजपुर में सनसनीखेज दोहरे हत्याकांड का खुलासा, मां की गला दबाकर हत्या; बेटे को सुनसान जगह ले जाकर पत्थर से किया हमला!
डेस्क_सूरजपुर@ जिले के विश्रामपुर क्षेत्र में मां-बेटे की सनसनीखेज हत्या के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी परवेश कुमार को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। पुलिस के मुताबिक, आर्थिक तंगी और कारोबार में हुए नुकसान से जूझ रहे आरोपी की नजर मृतका रजनी बरेट के हाल ही में स्वीकृत होम लोन की रकम पर थी। उसे आशंका थी कि लोन की राशि घर में रखी हुई है। इसी लालच में उसने कथित तौर पर मां-बेटे की हत्या की साजिश रची और वारदात को अंजाम दिया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने पहले रजनी बरेट की गला दबाकर हत्या की। इसके बाद उनके 12वीं कक्षा में पढ़ने वाले बेटे सुजल बरेट को बाहर खाने और पार्टी करने का लालच देकर अपने साथ ले गया। सुनसान स्थान पर ले जाकर उस पर पत्थर से कई वार किए, जिससे उसकी मौत हो गई। बाद में आरोपी ने सुजल के शव को अपनी ग्रैंड विटारा कार में रखा और जयनगर थाना क्षेत्र के कालीघाट के पास सुनसान जगह पर फेंककर फरार हो गया।

कालीघाट के पास मिला था छात्र का शव
मामले का खुलासा 10 अक्टूबर को हुआ, जब जयनगर थाना क्षेत्र के कालीघाट के पास एक अज्ञात युवक का शव मिलने की सूचना पुलिस को मिली। शव पर चोटों के कई निशान थे। जांच के दौरान मृतक की पहचान विश्रामपुर निवासी सुजल बरेट के रूप में हुई। इसी बीच उसकी मां रजनी बरेट के भी घर से लापता होने की जानकारी सामने आई। दोनों के मोबाइल फोन बंद होने से पुलिस की आशंका और गहरा गई।
पुलिस ने परिजनों और फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम की मौजूदगी में बंद घर का ताला खुलवाकर तलाशी ली। इस दौरान घर के वॉशरूम से रजनी बरेट का शव बरामद हुआ। एक ही परिवार के दो सदस्यों की अलग-अलग स्थानों पर हत्या किए जाने से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार, रजनी की मौत गला दबाने से हुई थी, जबकि सुजल के सिर और शरीर के अन्य हिस्सों पर किसी ठोस वस्तु से कई वार किए गए थे।

होम लोन की रकम पर थी आरोपी की नजर
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी परवेश कुमार आर्थिक तंगी और कारोबार में हुए नुकसान के कारण कर्ज के दबाव में था। इसी दौरान उसे रजनी बरेट के होम लोन की रकम स्वीकृत होने की जानकारी मिली। पुलिस के मुताबिक, आरोपी को लगा कि लोन की राशि घर में रखी होगी। इसके बाद उसने घर की रेकी की और कथित तौर पर वारदात की योजना बनाई।
पुलिस के अनुसार, घटना वाले दिन आरोपी ने सीसीटीवी कैमरों से बचने की कोशिश करते हुए घर में प्रवेश किया। शाम करीब छह बजे उसने रजनी बरेट की गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद वह सुजल के घर लौटने का इंतजार करता रहा। रात करीब नौ बजे सुजल के घर के पास पहुंचने पर आरोपी उसे खाने और पार्टी करने का लालच देकर अपने साथ ले गया। नाश्ता कराने के बाद वह उसे सुनसान स्थान पर ले गया, जहां पत्थर से हमला कर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद शव को कार में रखकर कालीघाट के पास फेंक दिया।
60 से 70 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले
दो अलग-अलग स्थानों पर शव मिलने, मोबाइल फोन बंद होने और घटनास्थल से जुड़े सुरागों को जोड़ना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने करीब छह टीमें गठित कीं। जांच में अंबिकापुर की रेंज साइबर टीम, एफएसएल और डॉग स्क्वॉड की मदद ली गई।
पुलिस ने स्थानीय लोगों से पूछताछ के साथ कॉल डिटेल रिकॉर्ड, मोबाइल टावर डंप और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच की। इसके अलावा करीब 60 से 70 सीसीटीवी कैमरों के 24 घंटे के फुटेज खंगाले गए। तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय स्तर पर जुटाई गई जानकारी के आधार पर पुलिस एक संदिग्ध तक पहुंची।
संदेह के आधार पर हिरासत में लिए गए परवेश कुमार से पूछताछ की गई। पुलिस का कहना है कि शुरुआत में आरोपी ने गुमराह करने का प्रयास किया, लेकिन साक्ष्य सामने रखे जाने पर उसने मां-बेटे की हत्या करना स्वीकार कर लिया।
हत्या में प्रयुक्त हथियार और मोबाइल फोन जब्त
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया हथियार, मृतका के आभूषण, दोनों मृतकों के तीन मोबाइल फोन तथा चेकबुक, पासबुक, आधार कार्ड, पैन कार्ड सहित अन्य बैंकिंग दस्तावेज जब्त किए हैं। पुलिस के अनुसार, साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से आरोपी ने खून से सने कपड़े और कार के मैट जलाए थे। जले हुए सामान की तस्दीक कर पंचनामा तैयार किया गया है। घर के पीछे फेंकी गई मकान और स्कूटी की चाबियों की बरामदगी की कार्रवाई भी शेष बताई गई है।
आरोपी मूल रूप से हरियाणा का निवासी है और सूरजपुर क्षेत्र में एक स्थानीय महिला से विवाह कर रह रहा था। पुलिस के अनुसार, उसका कोई पुराना आपराधिक रिकॉर्ड सामने नहीं आया है। हालांकि, उसकी आपराधिक पृष्ठभूमि की पुष्टि के लिए हरियाणा पुलिस और आसपास के थानों से जानकारी जुटाई जा रही है।
न्यायिक हिरासत में भेजा गया आरोपी
विश्रामपुर और जयनगर पुलिस की संयुक्त टीम ने मामले में मुख्य आरोपी परवेश कुमार को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। सूरजपुर पुलिस अधीक्षक योगेश पटेल ने मामले की जांच और आरोपी की गिरफ्तारी के संबंध में जानकारी दी।
इस दोहरे हत्याकांड ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस के अनुसार, आर्थिक तंगी और होम लोन की रकम हासिल करने के लालच में इस वारदात को अंजाम दिया गया। करीब 13 दिनों तक चली जांच में सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल फोन और तकनीकी साक्ष्यों की अहम भूमिका रही, जिनकी मदद से पुलिस आरोपी तक पहुंच सकी।