संजय गुप्ता | बलरामपुर
बलरामपुर जिले में पिछले कुछ दिनों से पड़ रही कड़ाके की ठंड ने आम जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। हाड़ कंपा देने वाली ठिठुरन के बीच लोगों को राहत के लिए अलाव की जरूरत महसूस हो रही है।
जिले का बड़ा हिस्सा वनांचल क्षेत्र से घिरा हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार, सेमरसोत जंगल के आसपास के इलाकों में ठंड का असर अधिक महसूस किया जाता है और तापमान में गिरावट के चलते लोगों की परेशानी बढ़ जाती है।
ऐसे में सार्वजनिक स्थानों पर अलाव की व्यवस्था लोगों के लिए राहत का जरिया बन सकती है। लेकिन स्थानीय स्तर पर मिली जानकारी के मुताबिक, इस वर्ष अब तक बलरामपुर मुख्यालय के सार्वजनिक स्थानों पर नगरपालिका की ओर से अलाव की व्यवस्था नजर नहीं आ रही है। बस स्टैंड जैसे यात्री प्रतीक्षास्थलों पर भी लोगों को ठंड में इंतजार करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले वर्षों में इस मौसम में अलाव जलाए जाते थे, जिससे राहगीरों और यात्रियों को राहत मिलती थी। इस बार व्यवस्था नहीं होने से लोगों में नाराजगी बताई जा रही है।
अब उम्मीद जताई जा रही है कि संबंधित अधिकारी स्थिति का संज्ञान लेकर सार्वजनिक स्थानों पर अलाव की व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे, ताकि कड़ाके की ठंड में आम लोगों, यात्रियों और जरूरतमंदों को राहत मिल सके।
अचूक प्रहार इस मामले में नगरपालिका का पक्ष मिलने पर उसे भी प्रकाशित करेगा।

