धनवार चेक पोस्ट से लेकर सीमावर्ती इलाकों तक संयुक्त टीमों की कार्रवाई, 780 बोरा धान भी जब्त; राजस्व, खाद्य और पुलिस विभाग की टीमें अलर्ट
डेस्क_बलरामपुर@ समर्थन मूल्य पर धान खरीदी शुरू होने से पहले बलरामपुर जिला प्रशासन ने अवैध धान परिवहन और भंडारण करने वालों के खिलाफ सख्ती तेज कर दी है। दूसरे राज्यों से धान लाकर छत्तीसगढ़ के खरीदी केंद्रों में खपाने की कोशिशों पर रोक लगाने के लिए सीमावर्ती क्षेत्रों में 24 घंटे निगरानी की जा रही है। इसी कड़ी में राजस्व, खाद्य, मंडी और पुलिस विभाग की संयुक्त टीमों ने अलग-अलग स्थानों पर कार्रवाई करते हुए ट्रक और पिकअप वाहनों सहित सैकड़ों क्विंटल धान जब्त किया है।

कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने बताया कि जिले के सीमावर्ती एवं आंतरिक चेक पोस्टों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। दूसरे राज्यों से अवैध रूप से धान लाकर खरीदी व्यवस्था में खपाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
वाड्रफनगर तहसील के धनवार चेक पोस्ट पर संयुक्त टीम ने उत्तर प्रदेश से लाए जा रहे एक ट्रक और चार पिकअप वाहनों से लगभग 406 क्विंटल धान पकड़ा। वाहन चालकों द्वारा वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने पर वाहनों को थाना बसंतपुर के सुपुर्द किया गया। मामले में मंडी अधिनियम, मोटर व्हीकल एक्ट एवं कस्टम मिलिंग उपार्जन आदेश 2016 के तहत कार्रवाई की अनुशंसा की गई है। इसी चेक पोस्ट पर खली और भूसे के नीचे छिपाकर लाई जा रही 17 बोरी धान से लदा एक पिकअप वाहन भी पकड़ा गया।

वहीं 3 नवंबर को राजपुर अनुविभाग में संयुक्त टीम ने बिना वैध दस्तावेज परिवहन किए जा रहे 780 बोरा धान जब्त कर थाना राजपुर को सौंपा। इसी दिन तुगवा-बलंगी क्षेत्र में उत्तर प्रदेश से लाए जा रहे दो पिकअप वाहनों से 128 बोरी धान जब्त कर बलंगी चौकी में रखा गया। इसके अलावा ग्राम तल्केश्वरपुर के पास 63 बोरी धान से लदे एक पिकअप वाहन को पकड़कर डिंडो चौकी के सुपुर्द किया गया।

प्रशासन की कार्रवाई यहीं नहीं रुकी। झारखंड से अवैध रूप से धान ला रहे एक पिकअप वाहन को रात करीब 1 बजे पकड़कर थाना रामचंद्रपुर को सौंपा गया। वहीं उत्तर प्रदेश से धान ला रहे एक अन्य पिकअप वाहन को थाना रघुनाथनगर के सुपुर्द किया गया।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि समर्थन मूल्य पर धान खरीदी व्यवस्था को पारदर्शी बनाए रखने के लिए सीमावर्ती क्षेत्रों में निगरानी और जांच अभियान लगातार जारी रहेगा। अवैध परिवहन, भंडारण और धान खपाने की कोशिश करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।